देश की सबसे कम उम्र की पंचायत सरपंच ने नशा मुक्ति अभियान शुरू किया तो मिलने लगीं धमकियां

Share the news....Share on FacebookShare on Google+Tweet about this on TwitterShare on LinkedIn

नई दिल्ली। 4 अगस्त को दिल्ली में फिल्म टॉयलेट-एक प्रेम कथा के प्रमोशन के मौके पर एक्टर अक्षय कुमार ने दो महिलाओं को सम्मानित किया था। एक वह महिला थी, जिस पर यह फिल्म बनाई गई थी। दूसरी देश की सबसे कम उम्र की पंचायत सरपंच जबना चैहान थी। जबना चौहान हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले के ब्लॉक गोहर से पंचायत सरपंच चुनी गई हैं। वे पिछले एक साल से लोगों को स्वच्छता को अपना नियमित कार्य के रूप में अपनाने के लिए प्रेरित कर रही हैं।
जबना 1 जनवरी 2016 को हुए चुनाव में चारजून पंचायत सरपंच चुनी गई है। मात्र 21 साल में चुनाव जीतकर वे देश की सबसे कम उम्र की पंचायत सरपंच बन गई हैं। पीएम मोदी के स्वच्छता अभियान से प्रेरित होकर जबना ने अपनी पंचायत के तहत आने वाले पांच गांवों में विशेष स्वच्छता अभियान चलाया। अपने आसपास की महिलाओं के साथ वे खुद गांवों की सड़कों पर सफाई अभियान चलाती है। घरों के आसपास पड़े कूड़ों को हटवाने के लिए खुद ही पहल करती है। एक साल के भीतर ही सभी पांच गांवों को खुले में शौच मुक्त घोषित कर दिया गया। स्वच्छता के पैमाने पर जबना की पंचायत को पूरे हिमाचल प्रदेश में प्रथम स्थान मिला। इसके लिए वहां के राज्यपाल ने जबना और उनकी साथियों का सम्मान भी किया।

किसान के घर में पैदा हुईं जबना चाहती है कि महिलाएं राजनीति में और ज्यादा सक्रिय हो। समाचार प्लस से विशेष बातचीत करते हुए जबना ने कहा कि आजादी के सत्तर साल बाद भी आबादी के अनुरूप् राजनीति में महिलाओं की भागेदारी नहीं बढ़ पाई है।
इसके लिए काफी हद तक राजनीतिक पार्टियां जिम्मेदार है। जबना कहती हैं कि राजनीतिक पार्टियों को संगठन में महिलाओं के लिए पद आरक्षित करना चाहिए। जब तक राजनीतिक पार्टियां संगठन में महिलाओं को ज्यादा तबज्जों नहीं देगी, तब तक महिलाओं की राजनीति में भागेदारी नहीं बढ़ सकती है।
जबना ने बताया कि स्वच्छता अभियान के बाद अब उन्होंने नशा के खिलाफ जंग का ऐलान कर दिया है। उन्होंने अपने पंचायत क्षेत्र में सार्वजनिक स्थलों पर किसी भी तरह का नशा करने पर पांच हजार और शादी समारोहों में नशा करने पर दस हजार रुपए के जुर्माने का प्रावधान किया है।
इसका पुरुषों ने विरोध किया लेकिन महिलाओं की जिद के आगे उनकी एक न चली। महिलाओं के हितों से जुड़े विषयों को मजबूती के साथ आगे ले जाने पर हिमाचल और पंजाब सरकारों ने जबना को सम्मानित किया है।

Soure google

Be the first to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published.


*