बंगाल में चुनाव आयोग सख्त, प्रचार का समय घटाया, कई अधिकारियों का तबादला

खास बातें

  • आयोग ने माना कि प्रचार को ज्यादा समय दिया तो कानून व्यवस्था और बिगड़ सकती है।
  • आयोग ने अपने फैसले के समर्थन में सुप्रीम कोर्ट के तीन फैसलों का भी हवाला दिया है।
  • आयोग ने सीआईडी के एडीजी और गृह विभाग के प्रधान सचिव को भी हटाया

कोलकाता में भाजपा अध्यक्ष अमित शाह के रोड शो में हिंसा के 25 घंटे बाद चुनाव आयोग ने बुधवार रात दो बड़े फैसले लिए। आयोग ने पश्चिम बंगाल की 9 लोकसभा सीटों पर तय समय से 19 घंटे पहले गुरुवार रात 10 बजे से ही चुनाव प्रचार बंद करने का आदेश दिया। चुनाव प्रचार समय से पहले रोकने का देश में यह पहला मामला है।

आयोग ने स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव के लिए संविधान के अनुच्छेद 324 में मिले अधिकारों का इस्तेमाल करते हुए यह कार्रवाई की है। दूसरी ओर, आयोग ने राज्य के एडीजी सीआईडी और गृह विभाग के प्रधान सचिव को भी हटा दिया है। आखिरी चरण में 19 मई को बंगाल समेत 59 सीटों पर मतदान होना है। अन्य 50 सीटों पर प्रचार शुक्रवार शाम 5 बजे बंद होगा।

इन लोकसभा क्षेत्रों में गुरुवार रात 10 के बाद प्रचार बंद

  1. दम दम
  2. बारासात
  3. बशीरहाट
  4. जयनगर
  5. मथुरापुर
  6. जाधवपुर
  7. डायमंड हार्बर
  8. दक्षिण कोलकाता
  9. उत्तर कोलकाता

फैसले का कारणअफसरों और मतदाताओं में भय का माहौल बना हुआ है

बंगाल के प्रभारी उप चुनाव आयुक्त ने 13 मई को हालात का जायजा लिया था। उन्होंने रिपोर्ट सौंपी कि चुनावी तैयारियां तो आयोग के मुताबिक चल रही हैं, लेकिन जब सभी प्रत्याशियों को प्रचार के लिए बराबर और मतदाताओं को भयमुक्त माहौल देने की बात आती है तो जिला प्रशासन और पुलिस से सहयोग नहीं मिल रहा। चुनाव अफसरों और लोगों में भय का माहौल है।

कांग्रेस, माकपा ने पूछा- 24 घंटे का समय क्यों दिया? 

चुनाव आयोग के फैसले के बाद ममता बनर्जी ने आयोग पर ही हमला बाेला। उन्होंने कहा कि- ‘मैंने आरएसएस के लोगों से भरा चुनाव आयोग कभी नहीं देखा। राज्य में कानून-व्यवस्था की ऐसी कोई समस्या नहीं है, जो यहां अनुच्छेद 324 लागू करना पड़े।’ दूसरी ओर, कांग्रेस नेता अहमद पटेल और माकपा नेता सीताराम येचुरी ने कहा कि अगर हिंसा को देखते हुए प्रचार रोकने की नौबत आ गई तो आयोग गुरुवार तक इंतजार क्यों कर रहा है? क्या इसलिए, क्योंकि गुरुवार शाम को वहां प्रधानमंत्री मोदी की दो रैलियां हैं? बता दें कि गुरुवार को मोदी की दमदम और लक्ष्मीकांतपुर में रैलियां हैं। दमदम की रैली शाम साढ़े चार बजे शुरू होगी।

शाह के खिलाफ तीन केस दर्ज, 58 गिरफ्तार

कोलकाता की हिंसक घटनाओं के आरोप में पुलिस ने अमित शाह और भाजपा कार्यकर्ताओं के खिलाफ तीन अलग-अलग एफआईआर दर्ज कीं। 58 लोगों को गिरफ्तार किया। इससे पहले शाह ने कहा कि- ‘टीएमसी के गुंडों ने मुझ पर तीन हमले किए। सीआरपीएफ न होती तो मेरी जान नहीं बचती। विद्यासागर की मूर्ति भी टीएमसी के गुंडों ने ही तोड़ी है। जवाब में टीएमसी के डेरेक ओ’ब्रायन ने कहा कि- ‘भाजपा के गुंडो ने विद्यासागर की प्रतिमा तोड़ी। इसके 40 वीडियो मौजूद हैं। सभी चुनाव आयोग को सौंप दिए गए हैं। देखते हैं आयोग क्या कार्रवाई करेगा।’

आखिरकार चुनाव आयोग ने प्रचार बंद करने का फैसला किया

रात 8 बजे: आयोग का फैसला आया। इससे पहले शाह ने आयोग पर आरोप लगाया था कि वह मूकदर्शक बना हुआ है।

दीदी विनाश पर उतारू

दीदी के गुंडे बंदूक-बम लेकर सबकुछ बर्बाद करने पर उतारू हैं। लेकिन, लोगों की हिम्मत उनके अत्याचारी शासन का अंत कर देगी। शाह पर हमला उनकी हताशा दिखाता है। – नरेंद्र मोदी 

बगदीदी बनना चाहती हैं दीदी

याद रखिए, पश्चिम बंगाल भारत का अभिन्न अंग है। आईएसआईएस के बगदादी से प्रभावित होकर बगदीदी बनने का दीदी का सपना भारत मां के सपूत वोट की चोट से तोड़ेंगे।’ – योगी आदित्यनाथ

Be the first to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published.


*